जो खुद जज बन बैठा, सबसे तेज दिमाग वाला चोर धनी राम मित्तल

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भारत में अब तक कई शातिर चोर हुए, आपने उनकी कहानियां सुनी होगी। कसी ने लालकिले से लेकर ताजमहल तक को बेच दिया। तो किसी ने पुलिस को ऐसे चकमा देकर भागा कि आज तक पकड़ में नहीं आया। आज हम आपको एक ऐसे ही चोर की कहानी बताने जा रहें हैं जिसने फर्जी तरीके से जज बनकर कई फैसले सुना डाले।

3 दशक तक चोरी की वारदातों को अंजाम दिया

ये कहानी है 60 से लेकर 90 के दशक तक चोरी की बड़ी वारदातों को अंजाम देने वाले धनी राम मित्तल की। धनी राम को भारत का सबसे शातिर चोर माना जाता है। धनी राम कोई मामूली चोर नहीं था। उसने एलएलबी, हैंडराइटिंग विशेषज्ञ और ग्राफोलॉजी में डिग्री हासिल की हुई थी। इन्हीं डिग्रियों के इस्तेमाल से वो चोरी की वारदातों को अंजाम देता था।

सबसे अधिक गिरफ्तार होने वाला चोर

धनी राम ने महज 25 साल के उम्र से ही चोरी को अपना पेशा बना लिया था। पहली बार पुलिस ने उसे सन 1964 में चोरी करते हुए रंगे हाथ पकड़ा था। बतादें कि धनी राम मित्तल भारत का इकलौता ऐसा चोर है जो सबसे अधिक बार चोरी की वारदात में गिरफ्तार किया गया। आखिरी बार उसे साल 2016 में चोरी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था, लेकिन वो पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया।

पुलिस को सामने से चकमा देकर फरार हो गया

धनी राम ने अब तक 1 हजार से अधिक गाड़ियों को चुराया है। खास बात यह है कि उसने दिन के उजाले में चोरी की सभी घटनाओं को अंजाम दिया है। पढ़े-लिखे होने के कारण वो लोगों को अपने जाल में पहले फंसाता है और फिर उनकी गाड़ियों को चुरा लेता। इतना ही नहीं फर्जी कागजात तैयार करके उन्हें बेच भी देता था। कई साल पहले जब पुलिस ने इसे पकड़ा और कोर्ट में पेश किया तो जज उसे देखकर भड़क गए। क्योंकि बार-बार उसे आदालत में देखकर वो परेशान हो गए थे। उन्होंने कहा अभी के अभी तुम मेरे आदालत से बाहर निकल जाओं। पहले वो कोर्ट रूम से बाहर निकला। जब बाहर खड़े पुलिस ने उससे पूछा कि कहा जा रहे हो, तो उसने कहा कि नहीं सुना आपने जज साहब कह रहे हैं तुम जाओं यहां से और इतना कहकर फरार हो गया।

खुद जज बन गया था धनी राम

एक बार तो धनी राम मित्तल जज बन गया और दो महीनों तक फैसले सुनाता रहा। दरअसल, हुआ ये कि धनी राम ने फर्जी कागजात बनाकर हरियाणा के झज्जर कोर्ट के एडिशनल सेशन जज को करीब 2 महीने की छुट्टी पर भेज दिया था और उनके बदले खुद जज की कुर्सी पर बैठ गया था। इस दौरान उसने करीब 2 हजार से अधिक अपराधियों को जमानत पर रिहा कर दिया था। जबकि कई अपराधियों को जेल भी भिजवाया। लेकिन जैसे ही मानले की भनक पुलिस को लगती उससे पहले ही धनी राम फरार हो गया।

आज भी वो फरार ही है

जैसे ही जज को पता चला कि उन्हें फर्जी तरीके से छुट्टी पर भेजा गया था और इसके बाद कई अपराधियों को जमानत पर रिहा कर दिया गया है। उन्होंने फिर से उन अपराधियों को जेल की सलाखों के पीछे डाला। वर्तमान में धनी राम 81 साल का हो चुका है। लेकिन वो आज कल कहां है और क्या करता है इसकी जानकारी किसी को भी नहीं है। वो आज भी फरार है।